सिद्धार्थ गुप्ता
जबलपुर निवासी "नेमा दर्पण" के कुशल संचालक श्री सिद्धार्थ गुप्ता जी से जिनके द्वारा नेमा दर्पण टॉक शो,नेमा दर्पण सारेगामा,वर्तमान में गाओ तराने दिल से सहित अनेको सफल आयोजन किये जा चुके हैं। स्वभाव से संकोची श्री सिद्धार्थ गुप्ता जी की भूमिका हर आयोजनों में पर्दे के ही पीछे अधिक होती है।आपने अलग अलग कॉलम्स का इम्पैक्ट बढ़ाने के लिए visual पोस्टर बनाने की शुरुआत की थी जो अब सोशल मीडिया पर एक परम्परा सी बन चुका है। उनका मानना है कि कला और साहित्य में रुचि होने की वजह से इस मंच से जुड़ने का सौभग्य मिला और इसी वजह से दूर सुदूर निवासरत बन्धुओं से सामाजिक निकटता का आभास हुआ जिसकी कल्पना इसके पूर्व नहीं थी ।आपने व्यापक सामाजिक चेतना को दृष्टिगत रखते हुए कई कॉलम एवं प्रतियोगिताएं इस मंच के माध्यम से आयोजित की जिससे सामाजिक प्रतिभाओं से रूबरू होने का अवसर मिला एवं देश भर में फैले नेमा समाज की अलग अलग संस्कृति के दर्शन हुए। आपने प्रसन्न्ता जाहिर की है कि निरंतर इन अभियानों में सामाजिक सहभगिता से समय दर समय प्रतिभाओं का विकास और उन्नयन हुआ है। जबलपुर में 30नवम्बर 1975 को जन्मे श्री सिद्धार्थ गुप्ता जी नन्ही बाखर मेख, जिला नरसिंहपुर के प्रतिष्ठित परिवार के वरिष्ठ स्व. श्री श्यामाचरणजी गुप्ता के पुत्र हैं। आपने बी.एस.सी.पैथोलॉजी विषय के साथ शिक्षा प्राप्त की है और जबलपुर में ही उनका स्वव्यवसाय है।वर्तमान में वे मीरा पैथोलॉजी लैब का संचालन कर रहे है।
आप की सामाजिक सक्रियता सराहनीय है वर्तमान में आप नेमा युवक संघ जबलपुर में सहसचिव एवं नेमा समाज महाकौशल के प्रांतीय मीडिया प्रभारी का पद निर्वहन कर रहे है। आप ने नेमा समाज जबलपुर के द्वारा प्रकाशित दिग्दर्शिका का सफल संपादन भी किया है। निश्चित ही आज नेमा समाज मे "नेमा दर्पण" जो सशक्त संवाद माध्यम के रूप में स्थापित हुआ है उसमें श्री सिद्धार्थ गुप्ता जी का विशेष योगदान है इस अवसर पर नेमा दर्पण परिवार आप का आत्मीय अभिनंदन करते हुए उज्ज्वल भविष्य की मंगल कामना करता है।